कब्र में मिला करोड़ों का खजाना

चेन्नई: चेन्नई और कोयम्बटूर स्थित तीनों बड़ीं कंपनियों सर्वणा स्टोर, लोटस ग्रुप और ज़ी स्कॉवयर कंपनियों के 72 जगहों पर आयकर विभाग ने गत 28 जनवरी को पुख्ता जानकारी के आधार पर बड़े पैमाने पर छापा मारा था जिसमे कुछ भी हाथ नहीं लगा था. आयकर विभाग को अपनी इंफार्मेशन पर इतना यकीन था कि वो कि वे खुद नहीं समझ पा रहे थे कि चूक कहाँ हुयी. इसके बाद मुखबिरों को काम पर लगाया गया ,उसके साथ शहर के हजारों सीसीटीवी चेक किए गए, कॉल डिटेल निकलवाई गयी तब खुलासा हुआ कि कंपनी के मालिकों ने पैसों की हेराफेरी के अलावा आईटी एक्सपर्ट्स की मदद से कंप्यूटर रिकॉर्ड भी हटा दिए थे और पैसों को एक एसयूवी गाड़ी में छुपाकर शहर में पूरे दिन घुमाने के बाद एक नज़दीकी कब्रिस्तान में एक कब्र में छुपा दिया.

सीसीटीवी फुटेज में जांचकर्ताओं को एक एसयूवी गाड़ी उस रोज़ यानी 28 जनवरी को पूरे दिन सड़कों पर बेवजह इधर-उधर घूमती नजर आयी जिसे देखकर डिपार्टमेंट को शक हुआ और अगले ही दिन पुलिस ने उस एसयूवी और उसके ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया. रात भर पूंछताछ करने पर पता चला कि शहर में पूरे दिन घुमाने के बाद जब छुपाने की कोई जगह नहीं मिली तो उसे एक नज़दीकी कब्रिस्तान में एक कब्र में छुपा दिया था. ड्राइवर की निशानदेही पर कब्र की मिट्टी हटाई गई तो कब्र के अंदर करीब 25 करोड़ रुपये नकद, 12 किलो सोना और 626 कैरेट के हीरे बरामद किए गए. इन तमाम चीज़ों की कुल कीमत 433 करोड़ रुपये आंकी गयी .

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