कोरोना ने बदला काम का तरीका, वर्क फ्रॉम होम सुविधा वाली नौकरी की सर्च 377 फीसदी बढ़ी

नई दिल्ली: जब से कोरोना के कारण लॉकडाउन की शुरुआत हुई है, लोग वर्क फ्रॉम होम कर रहे हैं। कंपनी और कर्मचारियों की यह मजबूरी भी है और धीरे-धीरे दोनों को इसकी आदत सी होने लगी है। कई कंपनियों ने, खासकर आईटी कंपनियों ने तो आने वाले लंबे समय तक घर से काम करने की छूट दे दी है। मतलब इस महामारी ने लोगों के काम करने के तरीके में भारी बदलाव ला दिया है। ऐसे में एक दिलचस्प रिपोर्ट सामने आई है।

रिमोट वर्क करना चाहते हैं ज्यादातर लोगइस रिपोर्ट में कहा गया है कि फरवरी से मई के दौरान देश में रिमोट वर्क वाली नौकरियों की सर्च में 377 फीसदी का इजाफा हुआ है। रिपोर्ट में कहा गया है कि नौकरी तलाश करने वाले लोग अब रिमोट से काम करने के अधिक इच्छुक हैं। जॉब साइट इंडीड की रिपोर्ट कहती है कि सर्च के दौरान रिमोट, वर्क फ्रॉम होम और इसी तरह के अन्य शब्दों का चलन तेजी से बढ़ा है।

फरवरी से मई, 2020 के दौरान रिमोर्ट वर्क के लिए सर्च में 377 फीसदी का उछाल आया है। इसी तरह रिमोट वर्क और घर से काम यानी वर्क फ्रॉम होम के लिए नौकरियों में 168 फीसदी की वृद्धि देखने को मिली है। इंडीड इंडिया के प्रबंध निदेशक शशि कुमार ने कहा, कोविड-19 से बहुत से लोगों के काम करने के तरीके को बदल दिया है। रिमोट वर्क की ओर लोगों का तेजी से झुकाव बढ़ा है। अभी इसके जारी रहने की उम्मीद है।

उन्होंने कहा कि उद्योग को अब भविष्य के लिए इसी तरह का श्रमबल तैयार करने पर ध्यान देना होगा। पूर्व के अध्ययनों में भी यह तथ्य सामने आया है कि नौकरी तलाश करने वाले 83 फीसदी लोग रिमोट वर्क नीति को महत्वपूर्ण मानते हैं। यही नहीं 53 फीसदी कर्मचारियों का कहना था कि यदि उन्हें रिमोट से काम का विकल्प उपलब्ध कराया जाता है तो वे वेतन में कटौती लेने को भी तैयार हैं।

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