मन की बात: प्रधानमंत्री का आह्वान, 2022 तक भारतीय सामान ही खरीदें

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री ने आत्मनिर्भरता पर जोर देते हुए भारतीयों से कम से कम 2022 तक स्थानीय उत्पादों या सामानों को खरीदने का आह्वान किया। राष्ट्र के नाम अपने रेडियो संबोधन ‘मन की बात’ में प्रधानमंत्री ने महात्मा गांधी के स्वदेशी विचार के बारे में बात की, जो लाखों लोगों के जीवन में समृद्धि लाने का जरिया बना।

उन्होंने कहा, “सौ साल पहले गांधी जी ने अपने उद्देश्यों में से एक के तौर पर भारतीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए एक विशाल सार्वजनिक आंदोलन शुरू किया। यह गांधी जी द्वारा आत्मनिर्भरता के लिए दिखाया गया मार्ग था।” प्रधानमंत्री ने इस विचार को एक संक्षिप्त अवधि कार्यक्रम के तौर पर सीमित समय के लिए रखा।

उन्होंने कहा, “मैं इसकी ज्यादा समय के लिए नहीं करता सिर्फ 2022 तक स्वतंत्रता की 75वीं वर्षगांठ के पूरी होने तक वकालत करता हूं।” मोदी ने यह भी कहा कि इसे वास्तविकता बनाने के लिए युवाओं को आगे आना चाहिए।

प्रधानमंत्री ने कहा, “और यह काम सरकार द्वारा नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि युवाओं को विभिन्न स्थानों पर आगे बढ़ना चाहिए, छोटे संगठन बनाने चाहिए, लोगों को प्रेरित करना चाहिए, समझाना चाहिए और निर्णय लेना चाहिए-आइए, हम सिर्फ स्थानीय उत्पादों को खरीदेंगे, हमारे देशवासियों के पसीने की जिसमें महक हो।

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