सनस्क्रीन का इस्तेमाल त्वचा के अनुकूल ही करें

नई दिल्ली: सनस्क्रीन सूरज की हानिकारक किरणों से बचने के लिए लगाई जाती है, लेकिन क्या आप जानते हैं कि यह कभी-कभी नुकसानदेह भी हो सकती है। इस लिए हमेशा ध्यान रखें कि त्वचा के अनुकूल सनस्क्रीन का ही इस्तेमाल किया जाना चाहिए। सनस्क्रीन खरीदने से पहले हमें कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है।

अगर आपकी त्वचा तैलीय है, तो जैल या स्प्रे में उपलब्ध सनस्क्रीन खरीदकर लगाएं, इससे आपकी त्वचा ज्यादा तैलीय नहीं दिखेगी और अगर आपकी त्वचा रूखी है तो लोशन या क्रीम के रूप में उपलब्ध सनस्क्रीन लगाइए। आपको ऐसी सनस्क्रीन लगानी चाहिए, जो आपको नेचुरल लुक दे और साथ ही आपके चेहरे को चिपचिपा और पसीने से तर दिखने से रोके।

यूवीए और यूवीबी से सुरक्षा प्रदान करने वाले सनस्क्रीन का इस्तेमाल करें, क्योंकि यूवीए किरणों के कारण झुर्रियां पड़ जाती है और चेहरा का रंग काला पड़ने लगता है वहीं यूवीबी किरणों से टैनिंग होने के साथ ही त्वचा संबंधी कैंसर होने की संभावना भी रहती है, इसलिए दोनों हानिकारक किरणों से सुरक्षा प्रदान करने वाले सनस्क्रीन को खरीद कर लगाएं।

यूवीबी से सुरक्षा के लिए ‘एसपीएफ’ युक्त और यूवीए से सुरक्षा के लिए ‘पीए’ युक्त सनस्क्रीन खरीदें। तेज धूप में निकलने से पहले एसपीएफ-30 और पीए डबल प्लस या इससे ज्यादा एसपीएफ और पीए वाला सनस्क्रीन लगाएं। सनब्लॉक क्रीम को अच्छी-खासी मात्रा में लेकर लगाएं, क्योंकि एक या दो बूंद लगाने से यह प्रभावकारी असर नहीं दिखा सकेगा, इसे धूप में निकलने से कम से कम आधे घंटे पहले लगाएं।

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