रात में अकेले सफर करने वाली औरतों को पुलिस की गाड़ी घर तक छोड़ेगी

हैदराबाद गैंगरेप मामले ने कई सारे सवाल खड़े कर दिए हैं. खासतौर पर रात में सफर करने वाली महिलाओं की सुरक्षा को लेकर. तेलंगाना के सीएम के चंद्रशेखर राव यानी केसीआर ने तो यहां तक कह दिया कि महिलाओं को नाइट ड्यूटी न दी जाए. खैर, इन सारे सवालों और सुझावों के बीच एक नई बात सुनने को मिली है. पंजाब से. 3 दिसंबर के दिन पंजाब सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने एक ऐलान किया. ये कि रात में महिलाओं को अगर घर जाने का कोई साधन न मिले, तो पुलिस उन्हें सुरक्षित घर तक पहुंचाएगी.

रात 9 बजे से सुबह 6 बजे के बीच ये सुविधा मिलेगी. इसके लिए महिलाओं को 100, 112 और 181 नंबर पर फोन लगाना होगा. फिर उनके कॉल को तुरंत ही पीसीआर यानी पुलिस कंट्रोल रूम से कनेक्ट किया जाएगा. 5 से 6 मिनट के अंदर पुलिस की गाड़ी महिला तक पहुंच जाएगी. सीएम ने पंजाब पुलिस के डीजीपी दिनकर गुप्ता को आदेश दिया है कि वो जल्द से जल्द इस सुविधा को पूरे राज्य में लागू करवाएं.

ये सुविधा उन महिलाओं को मिलेगी जिनके पास सफर के लिए सुरक्षित साधन नहीं होगा. पुलिस की जिस गाड़ी से महिला को घर तक छोड़ा जाएगा, उसमें एक महिला पुलिसकर्मी भी होगी. डीजीपी गुप्ता ने बताया कि जल्द ही मोहाली, पटियाला और बठिंडा समेत बाकी बड़े कस्बों में इस सुविधा के लिए पीसीआर वाहन मुहैया कराया जाएंगे. दिनकर गुप्ता ने आगे बताया,

‘DSP और ACP (क्राइम अगेंस्ट विमन) के ऊपर जिम्मेदारी होगी कि वो इस सुविधा को ठीक तरह से लागू करवाएं. वो नोडल अधिकारी होंगे. उनके नंबर पंजाब सरकार और पंजाब पुलिस की वेबसाइट पर होगा.’

हैदराबाद गैंगरेप मामले में पंजाब सीएम अमरिंदर सिंह ने दुख जताया. कहा कि औरतों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाए जाएंगे.

लल्लनटॉप से साभार

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